Tuesday, February 10, 2009

भगवान का घर / GOD LIVES HERE


11 comments:

seema gupta said...

दिल खो गया इन बाद्लो मे कहि मन्मोहक चित्र..
regards

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...

जितने चित्र खुले सब देख डाले एक से बढ़कर एक हैं। क्या कभी हम अपने ब्लाग में इन का उपयोग कर सकते हैं?

रंजना [रंजू भाटिया] said...

एक से बढ कर एक लगे आपके लिए यह चित्र हर चित्र एक कविता या कहानी कह रहा है

सीमा रानी said...

mitra vijay ji ,aapne to bas man prasann kar diya kitne sundar photographs hain.....maza aagaya .kaise kar pate hain aap ye sab aur kab?

महावीर said...

विजय जी, आपकी फ़ोटोग्राफ़ी का कमाल है। सारे ही चित्र बहुत ही सुंदर और मनमोहक हैं। अधिकांश ऐसे हैं जिन्हें देखते हुए स्वंय ही कुछ लिखने के लिए मन प्रेरित हो जाता है। मैं अब सोच सकता हूं कि आपकी रचनाओं में शब्द बोलने क्यों लगते हैं!
भगवान सूर्योदय, प्यार की कहानियां, प्रेम कहानी, आदिवासी ज़िन्दगी, मैं हूं अकेला,Expression, जीवन की किरण, बरसो रे मेघा, ज़िन्दगी का सफ़र, मुझ से खरीदोगे, जीवन की धारा आदि चित्र बहुत ही पसंद आए। बधाई हो।
महावीर शर्मा

आशीष खण्डेलवाल (Ashish Khandelwal) said...

बहुत ही जीवंत चित्र.. आभार

Rajesh said...

really wonderful snaps of cloud.

Preetilata【ツ】 said...

beautiful. i just loved it.

Dark Waters said...

nice picture... cool

पन्चायती said...

Really SUPERCALIFRAGILISTICEXPIALIDIOCIOUS. (In short "SUPERB")

dipayan said...

great pictures. really amazing.